बिटकॉइन 81 हजार डॉलर के पास स्थिर, ईरान तनाव और US CPI डेटा पर टिकी बाजार की नजर

दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी Bitcoin इस समय 81,000 डॉलर के आसपास स्थिर कारोबार कर रही है। हालांकि पिछले सप्ताह बिटकॉइन ने 82,000 डॉलर का स्तर छू लिया था, लेकिन मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और अमेरिका के अहम महंगाई आंकड़ों से पहले निवेशकों की सतर्कता के कारण इसमें बड़ी तेजी नहीं दिख रही। क्रिप्टो बाजार फिलहाल भू-राजनीतिक तनाव, अमेरिकी फेडरल रिजर्व की संभावित नीति और वैश्विक आर्थिक संकेतों के बीच फंसा हुआ नजर आ रहा है।

ईरान-अमेरिका तनाव बना बाजार की सबसे बड़ी चिंता

क्रिप्टो बाजार में उतार-चढ़ाव की सबसे बड़ी वजह अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ता तनाव है। रिपोर्ट्स के मुताबिक अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump ने ईरान के हालिया प्रस्ताव को “पूरी तरह अस्वीकार्य” बताया है। इसके बाद बाजार में जोखिम लेने की क्षमता कमजोर हुई और निवेशकों ने सुरक्षित निवेश विकल्पों की ओर रुख करना शुरू कर दिया।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि मध्य पूर्व में तनाव और बढ़ता है, तो तेल की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिल सकता है। इसका असर वैश्विक महंगाई और जोखिम वाले एसेट्स जैसे क्रिप्टोकरेंसी पर भी पड़ सकता है। इसी कारण बिटकॉइन की तेजी फिलहाल सीमित नजर आ रही है।

अमेरिकी CPI डेटा से तय होगी बाजार की दिशा

इस सप्ताह बाजार की सबसे बड़ी नजर अमेरिका के Consumer Price Index (CPI) डेटा पर है। निवेशकों को उम्मीद है कि अप्रैल महीने की महंगाई दर बढ़कर 3.7 प्रतिशत तक पहुंच सकती है। यदि महंगाई अनुमान से ज्यादा आती है, तो अमेरिकी फेडरल रिजर्व ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर बनाए रख सकता है।

विश्लेषकों के मुताबिक ऊंची ब्याज दरें क्रिप्टो बाजार के लिए नकारात्मक मानी जाती हैं क्योंकि इससे जोखिम वाले निवेशों में पैसा कम आता है। यही वजह है कि निवेशक फिलहाल बड़े दांव लगाने से बच रहे हैं।

ETF निवेश और अमेरिकी नियमों से मिल रहा सहारा

हालांकि वैश्विक तनाव के बीच बिटकॉइन को कुछ सकारात्मक समर्थन भी मिल रहा है। अमेरिका में Spot Bitcoin ETFs में लगातार निवेश बढ़ रहा है। रिपोर्ट्स के अनुसार पिछले सप्ताह बिटकॉइन ETF में करीब 630 मिलियन डॉलर का शुद्ध निवेश दर्ज किया गया।

इसके अलावा अमेरिकी Senate में CLARITY Act पर चर्चा भी क्रिप्टो बाजार के लिए सकारात्मक संकेत मानी जा रही है। यह कानून अमेरिका में डिजिटल एसेट्स और क्रिप्टो रेगुलेशन को स्पष्ट करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।

Altcoins में भी हलचल

Bitcoin के साथ-साथ Ethereum, Solana, XRP और Dogecoin जैसी प्रमुख क्रिप्टोकरेंसी में भी हल्की तेजी देखने को मिली। Ethereum करीब 2,330 डॉलर के आसपास कारोबार करता दिखा, जबकि Solana और XRP में भी खरीदारी देखने को मिली।

हालांकि बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि जब तक वैश्विक तनाव कम नहीं होता और अमेरिकी आर्थिक आंकड़े स्पष्ट संकेत नहीं देते, तब तक क्रिप्टो बाजार में अस्थिरता बनी रह सकती है।

बिटकॉइन के लिए आगे क्या अहम?

विशेषज्ञों के अनुसार बिटकॉइन के लिए 80,000 डॉलर का स्तर फिलहाल महत्वपूर्ण सपोर्ट बना हुआ है। यदि बाजार में सकारात्मक माहौल बनता है और अमेरिकी महंगाई आंकड़े नियंत्रण में रहते हैं, तो बिटकॉइन फिर से 83,000 से 84,000 डॉलर की ओर बढ़ सकता है। लेकिन यदि तनाव बढ़ता है या महंगाई अपेक्षा से ज्यादा आती है, तो इसमें फिर दबाव देखने को मिल सकता है।

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