गुजरात में मानसून का जोरदार आगाज़: 2 घंटे में 27 तालुकों में भारी बारिश, वलसाड के वापी में 4.13 इंच वर्षा दर्ज

Ahmedabad Weather News: आधिकारिक आगमन के एक सप्ताह बाद आखिरकार गुजरात में मानसून पूरी ताकत के साथ सक्रिय हो गया है। राज्य के विभिन्न हिस्सों में लंबे इंतजार के बाद मेघराजा ने जोरदार दस्तक दी है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य के 65 से अधिक तालुकों में उल्लेखनीय बारिश दर्ज की गई। वहीं केवल दो घंटे के भीतर 27 तालुकों में भारी वर्षा हुई। सबसे अधिक बारिश वलसाड जिले के वापी में 4.13 इंच दर्ज की गई है।

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा बुलेटिन के अनुसार, अगले पांच दिनों तक गुजरात के कई क्षेत्रों में तेज हवाओं, बिजली की गर्जना और भारी बारिश के साथ थंडरस्टॉर्म की चेतावनी जारी की गई है। इसके मद्देनजर स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।

चार शक्तिशाली मौसम प्रणालियां बनीं भारी बारिश की वजह

इस वर्ष जून महीने में गुजरात में बारिश का प्रदर्शन बेहद कमजोर रहा था। जून में सामान्य 110.8 मिमी वर्षा के मुकाबले केवल 19.9 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो सामान्य से लगभग 82 प्रतिशत कम थी।

हालांकि जुलाई की शुरुआत के साथ ही मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार वर्तमान में चार प्रमुख मौसम प्रणालियां एक साथ सक्रिय हैं, जिनके कारण आगामी दिनों में व्यापक बारिश होने की संभावना है।

इनमें महाराष्ट्र से उत्तरी केरल तक सक्रिय ऑफशोर ट्रफ, मध्य प्रदेश से कोंकण-गोवा तक फैली दूसरी ट्रफ लाइन, 2 जुलाई को आने वाला नया वेस्टर्न डिस्टर्बेंस तथा 3 जुलाई को बंगाल की खाड़ी में बनने वाला लो-प्रेशर क्षेत्र शामिल हैं। इन सभी प्रणालियों के प्रभाव से पूर्वी और पश्चिमी हवाएं आपस में टकराएंगी, जिससे अगले सात दिनों तक गुजरात में भारी वर्षा का दौर जारी रह सकता है।

दक्षिण गुजरात और सौराष्ट्र में बारिश का सबसे ज्यादा असर

दक्षिण गुजरात और सौराष्ट्र क्षेत्र में बारिश का प्रभाव सबसे अधिक देखने को मिला है। नवसारी जिले के जालालपुर और चिखली में मूसलाधार बारिश हुई है। इसके अलावा अमरेली के सावरकुंडला, वलसाड के धरमपुर और नानापोंढा में भी अच्छी वर्षा दर्ज की गई।

सूरत शहर सहित कामरेज, पलसाणा, महुवा, अंबिका, बारडोली, ओलपाड और चोर्यासी तालुका में एक इंच से अधिक बारिश रिकॉर्ड की गई है। वहीं खेड़ा जिले के वासो, डांग के वघई, गिर सोमनाथ के ऊना और तापी जिले के वालोड में भी अच्छी बारिश होने से किसानों और स्थानीय लोगों में खुशी का माहौल है।

अगले सात दिनों तक जारी रह सकता है बारिश का दौर

मौसम विभाग के अनुसार, सक्रिय मौसम प्रणालियों के कारण आने वाले दिनों में गुजरात के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना बनी हुई है। कृषि क्षेत्र के लिए यह बारिश बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि जून में हुई बारिश की भारी कमी अब जुलाई में पूरी होने की उम्मीद है।

विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वर्तमान परिस्थितियां बनी रहती हैं तो राज्य के अधिकांश जलाशयों और कृषि क्षेत्रों को बड़ा लाभ मिल सकता है।

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