वायदा बाजार में भूचाल: चांदी ₹7,000 और सोना ₹2,600 से ज्यादा टूटा, निवेशकों में हड़कंप

Silver and Gold Price Down: वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों में आए बदलावों का सीधा असर भारतीय कमोडिटी बाजार पर देखने को मिला है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने और चांदी की कीमतों में एक ही दिन में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। सोना प्रति 10 ग्राम ₹2,600 से अधिक टूट गया, जबकि चांदी में प्रति किलोग्राम ₹7,000 से ज्यादा की गिरावट ने निवेशकों को चौंका दिया है।

MCX पर चांदी में भारी गिरावट

वायदा बाजार के आंकड़ों के अनुसार चांदी में तेज बिकवाली देखने को मिली।

पिछला बंद भाव (Prev. Close): ₹2,37,572 प्रति किलोग्राम

ओपनिंग प्राइस (Open): ₹2,32,371

दिन का उच्चतम स्तर (High): ₹2,33,166

दिन का न्यूनतम स्तर (Low): ₹2,30,524

लाइव प्राइस: समाचार लिखे जाने तक चांदी ₹2,30,879 पर कारोबार कर रही थी, जो पिछले बंद भाव से ₹6,693 (-2.82%) की गिरावट दर्शाती है।

यदि दिन के सबसे निचले स्तर की तुलना की जाए तो चांदी में एक समय ₹7,048 तक की बड़ी गिरावट दर्ज की गई।

सोने में भी जोरदार टूट

सोने की कीमतों में भी बड़ा दबाव देखने को मिला, जिससे निवेशकों की चिंता बढ़ गई है।

पिछला बंद भाव (Prev. Close): ₹1,49,309 प्रति 10 ग्राम

ओपनिंग प्राइस (Open): ₹1,47,175

दिन का उच्चतम स्तर (High): ₹1,47,737

दिन का न्यूनतम स्तर (Low): ₹1,46,700

लाइव प्राइस: सोना फिलहाल ₹1,46,714 पर कारोबार कर रहा है, जो पिछले बंद भाव की तुलना में ₹2,595 (-1.74%) नीचे है।

दिन के सबसे निचले स्तर पर सोने में ₹2,609 तक की गिरावट दर्ज की गई।

सोना-चांदी में गिरावट के पीछे क्या हैं कारण?

बाजार विशेषज्ञों के अनुसार कीमती धातुओं में आई इस तेज गिरावट के पीछे कई वैश्विक कारक जिम्मेदार हैं।

1. अमेरिकी फेडरल रिजर्व का रुख

अमेरिकी केंद्रीय बैंक फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों को लेकर सख्त रुख अपनाने और दरों को लंबे समय तक ऊंचा बनाए रखने के संकेतों से बाजार में अस्थिरता बढ़ी है। इससे निवेशकों का रुझान सुरक्षित निवेश विकल्पों से कुछ हद तक कम हुआ है।

2. कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट

अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल की कीमतों में आई तेज गिरावट ने वैश्विक महंगाई के दबाव को कम किया है। जब महंगाई घटती है तो निवेशक आमतौर पर सोना और चांदी जैसे सेफ हेवन एसेट्स में कम निवेश करते हैं, जिससे इनकी कीमतों पर दबाव आता है।

आगे क्या रहेगी बाजार की दिशा?

विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में अमेरिकी आर्थिक आंकड़े, फेडरल रिजर्व की नीतियां, डॉलर इंडेक्स और वैश्विक भू-राजनीतिक घटनाक्रम सोना-चांदी की कीमतों की दिशा तय करेंगे। फिलहाल बाजार में बढ़ती अस्थिरता के बीच निवेशकों को सतर्क रणनीति अपनाने की सलाह दी जा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *