भारतीय शेयर बाजार में सोमवार को डिफेंस और एयरोस्पेस सेक्टर के शेयरों में जबरदस्त खरीदारी देखने को मिली। इसी दौरान Apollo Micro Systems के शेयरों ने निवेशकों का ध्यान खींच लिया। कंपनी का शेयर 11.48 प्रतिशत उछलकर 395.80 रुपये तक पहुंच गया और ट्रेडिंग के दौरान 400 रुपये का नया 52-वीक हाई भी बनाया।
कंपनी के शेयर में यह तेजी मजबूत वित्तीय नतीजों और बड़े ऑर्डर बुक के चलते देखने को मिली। एक साल पहले 23 मई 2025 को यह शेयर 135.50 रुपये के 52-वीक लो पर था।
Q4FY26 में 163% बढ़ा मुनाफा
Apollo Micro Systems ने मार्च 2026 तिमाही (Q4FY26) के शानदार नतीजे पेश किए हैं।
कंपनी की ऑपरेशंस से होने वाली कंसोलिडेटेड आय 293.26 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल की समान तिमाही में 161.77 करोड़ रुपये थी। यानी कंपनी की आय में लगभग 81 प्रतिशत की सालाना वृद्धि दर्ज की गई।
वहीं कुल आय 296.45 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल 162.50 करोड़ रुपये थी।
कंपनी का टैक्स और एक्सेप्शनल आइटम से पहले का मुनाफा 54.79 करोड़ रुपये पहुंच गया, जबकि पिछले साल यह 22 करोड़ रुपये था। इस तरह इसमें करीब 149 प्रतिशत की वृद्धि हुई।
सबसे बड़ी बात यह रही कि कंपनी का शुद्ध लाभ 36.79 करोड़ रुपये पहुंच गया, जो एक साल पहले 13.96 करोड़ रुपये था। यानी कंपनी का मुनाफा लगभग 163 प्रतिशत बढ़ गया।
पूरे वित्त वर्ष में भी शानदार प्रदर्शन
31 मार्च 2026 को समाप्त वित्त वर्ष FY26 के दौरान कंपनी ने बेहतरीन ग्रोथ दर्ज की।
ऑपरेशंस से होने वाली कुल आय 904.32 करोड़ रुपये रही, जबकि FY25 में यह 562.07 करोड़ रुपये थी। यानी सालाना आधार पर लगभग 61 प्रतिशत की वृद्धि हुई।
कंपनी का टैक्स से पहले का मुनाफा 154.80 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले वित्त वर्ष में 82.55 करोड़ रुपये था। इसमें करीब 87 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
वहीं FY26 में कंपनी का शुद्ध लाभ 107.38 करोड़ रुपये पहुंच गया, जबकि FY25 में यह 56.36 करोड़ रुपये था। यानी मुनाफे में करीब 91 प्रतिशत की वृद्धि हुई।
निवेशकों को मिलेगा डिविडेंड
कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने FY26 के लिए 1 रुपये फेस वैल्यू वाले प्रत्येक इक्विटी शेयर पर 0.25 रुपये का फाइनल डिविडेंड देने की सिफारिश की है। हालांकि यह आगामी AGM में शेयरधारकों की मंजूरी के बाद लागू होगा।
क्यों चर्चा में है Apollo Micro Systems?
Apollo Micro Systems भारत की तेजी से उभरती डिफेंस और एयरोस्पेस कंपनियों में शामिल है। कंपनी इलेक्ट्रॉनिक और इलेक्ट्रो-मैकेनिकल सिस्टम्स, मिसाइल सिस्टम्स, एवियोनिक्स और डिफेंस टेक्नोलॉजी सॉल्यूशंस पर काम करती है।
मजबूत ऑर्डर बुक, बढ़ते सरकारी रक्षा खर्च और ‘मेक इन इंडिया’ अभियान से कंपनी को भविष्य में भी फायदा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
हालांकि बाजार विशेषज्ञ निवेशकों को सलाह देते हैं कि किसी भी शेयर में निवेश से पहले कंपनी की वित्तीय स्थिति और जोखिमों का अच्छी तरह विश्लेषण जरूर करें।
